मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिल्ली दौरे के बाद बिलासपुर एयरपोर्ट विकास और बिहार चुनाव पर चर्चा की। हाईकमान के आदेश के बाद दौरा होगा।
रायपुर। दिल्ली दौरे से लौटे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत करते हुए कई अहम मुद्दों पर जानकारी साझा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उपराष्ट्रपति से मुलाकात की, जो उन्हें जनजाति गौरव दिवस में आमंत्रित करने के लिए आयोजित की गई थी।
मुख्यमंत्री साय ने दिल्ली दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्रियों से भी कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की, जिनमें बिलासपुर एयरपोर्ट के विकास के लिए जमीन से जुड़े मसले शामिल थे। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट के विकास के लिए केंद्रीय रक्षा मंत्री के साथ भी विस्तृत चर्चा हुई।
🔹 बिलासपुर एयरपोर्ट विकास पर चर्चा
मुख्यमंत्री ने बताया कि बिलासपुर एयरपोर्ट के विस्तार और उन्नयन को लेकर केंद्र के अधिकारियों के साथ बैठक हुई।
उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट विकास के लिए आवश्यक भूमि का आवंटन और अन्य तकनीकी मुद्दों पर केंद्र के मंत्रियों से चर्चा की गई।
बिलासपुर एयरपोर्ट का विस्तार न केवल छत्तीसगढ़ के लिए, बल्कि पूरे दक्षिण-पूर्वी क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि एयरपोर्ट परियोजना से व्यापार, पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को बल मिलेगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि राज्य सरकार इस दिशा में हर संभव सहयोग करेगी।
🔹 राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति से मुलाकात
मुख्यमंत्री ने बताया कि उनका दौरा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उपराष्ट्रपति से मुलाकात के लिए भी हुआ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मुलाकात उनके लिए सम्मान और प्रेरणा का अवसर थी।
इस दौरान जनजाति गौरव दिवस में शामिल होने के लिए उन्हें आमंत्रित किया गया, जो राज्य के आदिवासी कल्याण और सांस्कृतिक पहचान को बढ़ावा देगा।
🔹 बिहार चुनाव पर बयान
मुख्यमंत्री ने बिहार चुनाव की घोषणा पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा:
“बिहार दौरे का समय और स्थान हाईकमान के आदेश पर निर्भर करेगा। जब आदेश आएगा, तभी दौरा शुरू किया जाएगा। इस समय हमारे पास कोई तय कार्यक्रम नहीं है।”
इस बयान से यह स्पष्ट हुआ कि सीएम साय चुनावी गतिविधियों को लेकर पूरी तरह से संगठनात्मक दिशा-निर्देशों का पालन कर रहे हैं।
🔹 दिल्ली दौरे के उद्देश्य
मुख्यमंत्री ने दिल्ली दौरे का उद्देश्य स्पष्ट करते हुए कहा कि यह केवल औपचारिक मुलाकात और कार्यक्रमों में भागीदारी तक सीमित नहीं था।
मुख्य उद्देश्य राज्य के विकास प्रोजेक्ट, विशेषकर एयरपोर्ट और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं, पर केंद्र सरकार से चर्चा करना था।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की समयबद्धता सुनिश्चित करने के लिए राज्य और केंद्र के बीच समन्वय आवश्यक है।
🔹 विकास परियोजनाओं को गति देने का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा और पर्यटन परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाने की आवश्यकता है।
बिलासपुर एयरपोर्ट का विकास इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
सीएम साय ने अधिकारियों से कहा कि केंद्र और राज्य के बीच सभी प्रक्रियाओं को पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए।
🔹 जनजाति गौरव दिवस का महत्व
मुख्यमंत्री ने जनजाति गौरव दिवस में शामिल होने की जानकारी साझा करते हुए कहा कि यह दिवस आदिवासी संस्कृति और परंपराओं का सम्मान करता है।
उन्होंने कहा कि राज्य में आदिवासी समाज के कल्याण और उनके विकास के लिए कई योजनाएँ चल रही हैं, जिनका उद्देश्य उनकी सामाजिक और आर्थिक स्थिति को मजबूत करना है।
🔹 मीडिया से संवाद और आगामी योजनाएँ
मुख्यमंत्री ने मीडिया से खुलकर संवाद किया और कहा कि राज्य सरकार जनता के साथ सीधे संवाद को प्राथमिकता देती है।
उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट परियोजनाओं के अलावा अन्य विकास कार्य जैसे सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में भी निरंतर प्रगति हो रही है।
🔹 हाईकमान के आदेश का महत्व
बिहार चुनाव संबंधी बयान में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि पार्टी संगठन और हाईकमान के आदेश को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।
इस संकेत से यह जाहिर होता है कि सीएम साय पूरी तरह से पार्टी अनुशासन का पालन करते हुए चुनावी रणनीति में सक्रिय भूमिका निभाएँगे।
🔹 राज्य और केंद्र के बीच सहयोग
मुख्यमंत्री ने दिल्ली दौरे को राज्य और केंद्र के बीच सहयोग और समन्वय के दृष्टिकोण से उपयोगी बताया।
उन्होंने कहा कि जब केंद्र और राज्य मिलकर योजनाओं को अमल में लाते हैं, तब विकास की गति बढ़ती है और जनता को लाभ मिलता है।
🔹 निष्कर्ष भाव (संक्षेप में)
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का यह दौरा न केवल बिलासपुर एयरपोर्ट विकास के लिए महत्वपूर्ण रहा, बल्कि बिहार चुनाव की तैयारी और जनजाति गौरव दिवस में भागीदारी की दृष्टि से भी सार्थक रहा।
सीएम का संदेश स्पष्ट था कि विकास और राजनीतिक गतिविधियों में समय और संगठन का महत्व सर्वोपरि है।
बिलासपुर एयरपोर्ट के विकास के साथ-साथ राज्य की योजनाओं को गति देने का संकल्प, आदिवासी सम्मान और हाईकमान के आदेश का पालन — ये सभी पहल राज्य सरकार की सक्रियता और जवाबदेही का प्रतीक हैं।
