विश्व की सबसे बड़ी खाद्य प्रदर्शनी “अनुगा, जर्मनी” में उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व किया और उद्योगपतियों से सार्थक संवाद किया।
रायपुर। जर्मनी में आयोजित विश्व की सबसे बड़ी खाद्य प्रदर्शनी “अनुगा 2025” में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने किया। यह प्रदर्शनी खाद्य और पेय उद्योग के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सबसे प्रमुख आयोजन के रूप में जानी जाती है और इसमें दुनिया भर के उद्योगपति, निवेशक और नीति निर्माता भाग लेते हैं।
मंत्री देवांगन ने इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के खाद्य उद्योग और स्थानीय उत्पादों का व्यापक परिचय प्रस्तुत किया। उन्होंने जर्मन और अन्य अंतरराष्ट्रीय उद्योगपतियों के साथ सार्थक संवाद किया, जिसमें राज्य के निवेश और व्यापार के अवसरों पर चर्चा हुई।
🔹 छत्तीसगढ़ का अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रतिनिधित्व
अनुगा 2025 में छत्तीसगढ़ की प्रतिनिधित्व यात्रा राज्य के खाद्य उद्योग और व्यापारिक संभावनाओं को वैश्विक स्तर पर प्रस्तुत करने का एक महत्वपूर्ण अवसर था।
उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने बताया कि राज्य की कृषि और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में निवेश की अपार संभावनाएँ हैं।
उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में उत्पादन लागत कम, कच्चा माल सुलभ और सरकारी प्रोत्साहन योजनाएँ मौजूद हैं, जो निवेशकों को आकर्षित करती हैं।
🔹 उद्योगपतियों के साथ बैठक और संवाद
मंत्री देवांगन ने प्रदर्शनी के दौरान कई उद्योगपतियों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रतिनिधियों से मंत्रिस्तरीय बैठक की।
बैठकों में छत्तीसगढ़ के फल, सब्ज़ी, अनाज और डेयरी उत्पादों के निर्यात, खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों में निवेश, और मूल्य संवर्धन के अवसरों पर चर्चा हुई।
उद्योगपतियों ने राज्य में निवेश और साझेदारी की संभावनाओं में रुचि दिखाई और सरकार द्वारा प्रदान की जा रही सुविधाओं की सराहना की।
🔹 छत्तीसगढ़ का खाद्य उद्योग – अवसर और मजबूती
छत्तीसगढ़ राज्य कृषि प्रधान होने के साथ-साथ खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में तेजी से बढ़ता क्षेत्र है।
राज्य के प्रमुख उत्पादों में धान, सोयाबीन, फल, मसाले और डेयरी उत्पाद शामिल हैं।
उद्योग मंत्री ने बताया कि राज्य सरकार खाद्य और पेय उद्योग को प्रोत्साहित करने के लिए निवेश, तकनीकी सहायता और इन्फ्रास्ट्रक्चर की व्यापक योजनाएँ चला रही है।
🔹 अंतरराष्ट्रीय निवेश और व्यापारिक अवसर
अनुगा प्रदर्शनी में मंत्री देवांगन ने निवेशकों को बताया कि छत्तीसगढ़ में व्यापार करने के लिए अनुकूल नीतियाँ हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को भूमि, टैक्स प्रोत्साहन और लॉजिस्टिक समर्थन उपलब्ध कराती है।
यह पहल विदेशी निवेशकों और व्यापारिक साझेदारों के लिए राज्य को आकर्षक बनाती है।
🔹 राज्य सरकार की रणनीति और वैश्विक पहचान
मंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ का लक्ष्य केवल कृषि उत्पादन नहीं, बल्कि उद्योग और निर्यात के माध्यम से आर्थिक विकास है।
राज्य सरकार की रणनीति है कि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजारों तक पहुँचाया जाए और छत्तीसगढ़ को खाद्य उद्योग में अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई जाए।
इस दिशा में अनुगा 2025 जैसे प्लेटफॉर्म राज्य के लिए अहम साबित हो रहे हैं।
🔹 सांस्कृतिक और व्यावसायिक संपर्क
प्रदर्शनी के दौरान मंत्री देवांगन ने न केवल व्यापारिक संवाद किया, बल्कि जर्मनी और अन्य देशों के प्रतिनिधियों के साथ सांस्कृतिक और व्यावसायिक नेटवर्किंग भी की।
इससे छत्तीसगढ़ के उत्पादों की ब्रांडिंग और अंतरराष्ट्रीय पहचान को मजबूती मिलेगी।
उन्होंने कहा कि राज्य की उत्पादन क्षमता और गुणवत्ता निवेशकों के लिए आकर्षक बिंदु हैं।
🔹 रायपुर और राज्य उद्योग के लिए महत्व
मंत्री ने बताया कि राज्य की राजधानी रायपुर और अन्य प्रमुख जिलों में खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों के लिए पर्याप्त अवसर मौजूद हैं।
बुनियादी ढांचे का विकास, परिवहन और लॉजिस्टिक नेटवर्क का सुदृढ़ीकरण राज्य में निवेश के लिए अनुकूल माहौल तैयार करता है।
राज्य सरकार इन अवसरों को निवेशकों और उद्योगपतियों के समक्ष प्रस्तुत कर रही है।
🔹 भविष्य की योजना और निर्यात अवसर
लखन लाल देवांगन ने कहा कि छत्तीसगढ़ भविष्य में अपने कृषि और खाद्य उद्योग के निर्यात को दोगुना करने की योजना बना रहा है।
विदेशी निवेशकों के सहयोग से राज्य में नई तकनीक और उत्पादन इकाइयाँ स्थापित की जाएंगी।
इसके साथ ही राज्य के छोटे और मध्यम उद्यमों को वैश्विक बाजार में पहचान दिलाने के लिए विभिन्न प्रोत्साहन योजनाएँ लागू की जाएंगी।
🔹 निष्कर्ष भाव (संक्षेप में)
जर्मनी में अनुगा 2025 में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने न केवल राज्य के खाद्य उद्योग को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत किया, बल्कि निवेशकों और उद्योगपतियों के साथ सार्थक संवाद भी स्थापित किया।
यह यात्रा छत्तीसगढ़ के आर्थिक और व्यापारिक विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
राज्य सरकार की यह पहल कृषि और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को नई दिशा देने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय निवेश और निर्यात को बढ़ावा देगी।
मंत्री देवांगन के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ ने विश्व मंच पर अपनी मजबूत पहचान बनाई और राज्य के उद्योगिक भविष्य की नींव रखी।
