गुरुवार, 29 अक्टूबर 2026
ताज़ा खबर
Advertisement

केदरानाथ धाम में ‘थार’ के बाद अब पहुंची गोल्फ कार, बुजुर्ग श्रद्धालुओं को होगा फायदा

देश ✍ Raja Shakti Raj Singh 🕐 17 August 2024

 केदरानाथ

थार वाहन के बाद अब दो गोल्फ कार केदारनाथ पहुंची हैं. गोल्फ कार की मदद से यहां दर्शन करने आने वाले बुजुर्ग श्रद्धालुओं को खासी मदद मिलेगी. वायु सेना के चिनूक वाहन की मदद से आज सुबह केदारनाथ धाम इन गोल्फ कार को पहुंचाया गया है. केदारनाथ धाम में गोल्फ कार का अच्छे से स्वागत किया गया. पिछले समय दो थार वाहन आने पर तीर्थ पुरोहित एवं व्यापारियों ने विरोध किया था. जिसके बाद उनका संचालन बंद करना पड़ा था.

केदारनाथ पैदल मार्ग दुरुस्त हुआ

31 जुलाई की रात को अतिवृष्टि और बादल फटने के कारण केदारनाथ पैदल मार्ग पर जगह-जगह भूस्खलन हुआ था जिसके कारण 29 जगहों पर मार्ग ध्वस्त हो गया था. दो स्थानों पर सड़कें भी बह गयी थीं. लेकिन अब इन सड़कों को सही कर लिया गया है. अधिकारियों ने बताया कि आपदा से क्षतिग्रस्त 19 किलोमीटर पैदल मार्ग को बहाल करने में 260 मजदूरों ने दिन-रात कड़ी मेहनत की.

पैदल मार्ग पर जगह-जगह फंसे श्रद्धालुओं को बाहर निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना पहली प्राथमिकता थी. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की निगरानी और रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी सौरभ गहरवार के नेतृत्व में चले हवाई और जमीनी बचाव अभियानों में 15000 से अधिक श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को बाहर निकाला गया था.

इसके बाद केदारनाथ पैदल मार्ग को दुरूस्त करना चुनौती थी और इस पर भी रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन ने जल्द ही पार पा लिया और श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू कर दी गई. केदारनाथ धाम के लिए हवाई सेवा पिछले सप्ताह ही शुरू हो गी थी.

अधिकारियों ने बताया कि 19 किलोमीटर पैदल मार्ग 29 जगहों पर क्षतिग्रस्त हो गया था जिस पर तेजी से काम करते हुए ज्यादातर स्थानों पर दुरूस्त किया गया.

अब तक 10 लाख 93 हजार 632 श्रद्धालु बाबा केदारनाथ के दर्शन कर चुके हैं. इन दिनों प्रतिदिन 150-200 श्रद्धालु केदारनाथ धाम पहुंच रहे हैं, इसके अलावा, सोनप्रयाग-गौरीकुंड राजमार्ग को भी दुरुस्त करने का काम तेजी से चल रहा है और उम्मीद है कि यहां भी जल्द ही वाहनों की आवाजाही शुरू हो जाएगी.

संबंधित खबरें

अपनी प्रतिक्रिया दें

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version
मुफ़्त जन्म कुंडली — MahaJyotish