रायपुर में पुलिस-एनसीबी की कार्रवाई में 11 गिरफ्तार, दर्जी की बेटी निकली ड्रग्स पैडलर, हेरोइन और नकदी जब्त, नेटवर्क के अन्य राज्यों से जुड़े होने की आशंका।
राजधानी रायपुर में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में ड्रग्स तस्करी का एक बड़ा रैकेट बेनकाब हुआ। चौंकाने वाली बात यह रही कि गिरफ्तार आरोपियों में एक दर्जी की बेटी भी शामिल है, जो खुद नशे की लत के चलते ड्रग्स पैडलिंग के इस धंधे में उतर आई। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 11 लोगों को गिरफ्तार किया और बड़ी मात्रा में हेरोइन, नगद राशि और मोबाइल फोन जब्त किए।
कैसे खुला ड्रग्स नेटवर्क का राज
पुलिस के मुताबिक, जांच के दौरान एक महिला पर शक गहरा हुआ, जो पेशे से एक दर्जी की बेटी है। नशे की आदत ने उसे इस दलदल में धकेल दिया। शुरुआत में वह अपने लिए हेरोइन खरीदने के लिए छोटे स्तर पर तस्करी करने लगी, लेकिन धीरे-धीरे वह इस पूरे नेटवर्क का हिस्सा बन गई। वह ड्रग्स की सप्लाई चेन में एक महत्वपूर्ण कड़ी का काम कर रही थी।
ऑपरेशन की पूरी प्लानिंग
सूचना मिलने के बाद पुलिस और NCB ने संयुक्त रूप से एक योजना बनाई। आरोपियों पर नज़र रखने के लिए एक टीम को गुप्त रूप से तैनात किया गया। कई दिनों की निगरानी के बाद पुलिस ने शहर के अलग-अलग इलाकों में एक साथ छापेमारी की। इस ऑपरेशन में 11 लोगों को पकड़ा गया, जिनमें से कुछ सप्लायर, कुछ डिस्ट्रीब्यूटर और कुछ रिटेल पैडलर थे।
जब्त माल और बरामदगी
पुलिस ने छापेमारी में 200 ग्राम से ज्यादा हेरोइन बरामद की, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लाखों रुपये है। इसके अलावा ड्रग्स बिक्री से जुड़ी डायरी, बैंक ट्रांजैक्शन डिटेल्स और डिजिटल डिवाइस भी जब्त किए गए हैं। पुलिस का मानना है कि इस नेटवर्क का कनेक्शन अन्य राज्यों तक फैला हुआ है।
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ
गिरफ्तार 11 आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि इस नेटवर्क में कई और लोग शामिल हो सकते हैं, जिनकी पहचान की जा रही है। महिला आरोपी ने कबूल किया कि वह ड्रग्स तस्करी में सिर्फ अपने नशे की जरूरत पूरी करने के लिए उतरी थी, लेकिन आसानी से पैसे कमाने के लालच ने उसे पूरी तरह इस काम में धकेल दिया।
समाज पर असर और पुलिस की चेतावनी
धड़पकड़ के बाद पुलिस ने बयान जारी कर कहा कि यह ड्रग्स नेटवर्क युवाओं को बर्बाद कर रहा था। नशे की लत से जूझ रहे युवाओं के भविष्य को बचाने के लिए ऐसे ऑपरेशन आगे भी जारी रहेंगे। पुलिस ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नज़र रखें, ताकि उन्हें इस तरह के खतरनाक रास्तों पर जाने से रोका जा सके।
अन्य राज्यों से कनेक्शन की जांच
पुलिस को शक है कि गिरफ्तार आरोपियों का कनेक्शन दिल्ली, पंजाब और उत्तर प्रदेश के ड्रग्स सप्लायर्स से हो सकता है। इसके लिए विशेष जांच टीम गठित की गई है, जो वित्तीय लेन-देन और कॉल डिटेल्स का विश्लेषण कर रही है।
स्थानीय स्तर पर नशे का जाल
रायपुर और आसपास के क्षेत्रों में ड्रग्स की सप्लाई बढ़ने के मामले पहले भी सामने आए हैं। पुलिस मानती है कि यह नेटवर्क कॉलेज और स्कूल के छात्रों को टारगेट कर रहा था। महिला आरोपी इसी इलाके के युवाओं में नशे की लत फैलाने में अहम भूमिका निभा रही थी।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों पर एनडीपीएस एक्ट की धारा के तहत मामला दर्ज किया गया है। अदालत में पेश करने के बाद उन्हें रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचा जा सके।
