सोमवार, 14 सितंबर 2026
ताज़ा खबर
Advertisement

आज ग्वालियर में आयोजित होगी ‘रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव’

मध्य प्रदेश ✍ Raja Shakti Raj Singh 🕐 28 August 2024

ग्वालियर
 मध्यप्रदेश के ग्वालियर में आज मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव की उपस्थिति में निवेशकों का बड़ा सम्मेलन 'रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव' का आयोजन होगा।आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस कॉन्क्लेव का आयोजन ग्वालियर स्थित राजमाता विजयाराजे सिंधिया एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी में सुबह नौ बजे से होगा।

ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में आयोजित हो रहे इस आयोजन में बड़ी संख्या में निवेशकों के शामिल होने की संभावनाएं हैं।
मुख्यमंत्री डॉ यादव की पहल पर राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में ऐसे निवेशक सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं। इसके पहले राज्य के उज्जैन और जबलपुर में ऐसे सम्मेलन आयोजित किए जा चुके हैं। राज्य के बाहर भी निवेश को लेकर राज्य सरकार विभिन्न आयोजन कर रही है।

दुनियाभर के 100 देशों में भेजा जाता है यह पत्थर
ग्वालियर स्थित स्टोन पार्क में लगभग 50 इकाइयों के द्वारा हर साल तकरीबन 68 हजार टन पत्थर दुनियाभर के 100 देशों में भेजा जाता है. लगभग हर साल 68 हजार टन सेंड स्टोन दुनिया में सौ से भी अधिक देशों में निर्यात किया जाता है. सेंड स्टोन का लगभग 800 करोड़ रुपये का सालाना कारोबार है.

इस पत्थर में बेहद कम होती है फिसलन 
यह पत्थर न सिर्फ देखने में बेहद आकर्षक है, बल्कि यह विशेष भी है कि यह पत्थर सर्दियों में न तो अधिक ठंडा होता है और न ही गर्मियों में अधिक गर्म. दुनिया में बहुत ही कम स्थान हैं जहां इस तरह का पत्थर पाया जाता है. सबसे बड़ी बात इस पत्थर में फिसलन बेहद कम होती है, जिसके चलते इसका प्रयोग अधिकांश सीढयों व विदेशों में बन रहे स्विमिंग पूल में किया जाता है. वर्तमान में लोग इसका प्रयोग अपने फार्म हाउस या घर के गार्डन में बने वाकिंग एरिया के लिए भी कर रहे हैं. इसके अलावा छत के तापमान को सामान्य रखने के लिए भी इस पत्थर को लगाया जा रहा है.

यूनेस्को की सिटी ऑफ म्यूजिक में शामिल है ग्वालियर
ग्वालियर संगीत के क्षेत्र में भी विशेष स्थान रखता है. यहां पर तानसेन और बैजू बावरा सहित कई मशहूर गायक हुए हैं. ग्वालियर का तानसेन समारोह विश्व प्रसिद्ध है. ग्वालियर घराना, ध्रुपद यहां के विशेष शास्त्रीय गायन हैं. यूनेस्को द्वारा ग्वालियर को सिटी ऑफ म्यूजिक की मान्यता दी गई है, जिससे संगीत के क्षेत्र में ग्वालियर ने विश्व में अपनी अलग पहचान बनाई है.

ग्वालियर में विश्व स्तरीय स्टेडियम एवं खेल संस्थान हैं. यहां विश्व स्तरीय मैच में कई विश्वस्तरीय कीर्तिमान बने हैं. कैप्टन रूप सिंह स्टेडियम ग्वालियर में एक क्रिकेट मैदान है. इसमें एक बार में 45 हजार दर्शक बैठ सकते हैं. इस मैदान में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच ऐतिहासिक एक दिवसीय मैच खेला गया था, जिसमें सचिन तेंदुलकर ने एकदिवसीय क्रिकेट में पहला दोहरा शतक बनाया था.

शारीरिक शिक्षा विश्वविद्यालय
एशिया का सबसे बड़ा शारीरिक शिक्षा विश्वविद्यालय ग्वालियर में लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा विश्वविद्यालय की स्थापना केन्द्र सरकार के शिक्षा एवं संस्कृति मंत्रालय द्वारा अगस्त 1957 में स्वतंत्रता संग्राम के शताब्दी वर्ष पर लक्ष्मीबाई शारीरिक शिक्षा महाविद्यालय के रूप में की गई थी. यह एशिया का सबसे बड़ा शारीरिक शिक्षा विश्वविद्यालय है.

 

संबंधित खबरें

अपनी प्रतिक्रिया दें

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version