रायपुर नगर निगम प्रॉपर्टी टैक्स वसूली में सख्ती बरतेगा, बड़े बकायादारों की संपत्तियों पर कुर्की, 31 अक्टूबर तक हर वार्ड में बिल वितरण लक्ष्य।
रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नगर निगम ने प्रॉपर्टी टैक्स वसूली को लेकर सख्ती बरतने का ऐलान किया है। निगम के अनुसार, बड़े बकायादारों की संपत्तियों पर कुर्की की कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही निगम ने प्रत्येक वार्ड में 31 अक्टूबर तक 100% डिमांड बिल वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया है।
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नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि पिछले वर्षों में कई वार्डों में प्रॉपर्टी टैक्स के बकाए जमा नहीं हो पाए हैं। इस बार निगम ने निर्णय लिया है कि बकाया राशि की वसूली में कोई ढील नहीं दी जाएगी। बड़े बकायादारों की संपत्तियों पर कानूनी कार्रवाई के तहत कुर्की की जाएगी और बकाया राशि वसूली जाएगी।
नगर निगम ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य नगर निगम के वित्तीय संसाधनों को सुदृढ़ करना और शहर के विकास कार्यों के लिए पर्याप्त फंड सुनिश्चित करना है। निगम के अधिकारियों ने बताया कि प्रॉपर्टी टैक्स से प्राप्त राशि का उपयोग सड़क निर्माण, पार्किंग, सफाई, जलापूर्ति और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विस्तार में किया जाएगा।
इस अभियान के तहत नगर निगम ने प्रत्येक वार्ड के कार्यालयों में विशेष टीमों का गठन किया है। ये टीमें व्यक्तिगत संपत्तियों का निरीक्षण करेंगी और सुनिश्चित करेंगी कि सभी संपत्ति मालिकों को उनके डिमांड बिल समय पर वितरण किए जाएं। इस प्रक्रिया के लिए डिजिटल तकनीक का उपयोग किया जाएगा, जिससे वितरण और वसूली दोनों में पारदर्शिता बनी रहे।
नगर निगम के आयुक्त ने बताया कि पिछले साल की तुलना में इस वर्ष प्रॉपर्टी टैक्स वसूली में 30% अधिक सुधार की उम्मीद है। उन्होंने सभी संपत्ति मालिकों से अपील की कि वे समय रहते अपने बकाया राशि का भुगतान करें और कुर्की जैसी कड़ी कार्रवाई से बचें।
नगर निगम के अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि बड़े बकायादारों के खिलाफ कार्रवाई करते समय कानून का पूरी तरह पालन किया जाएगा। यदि किसी संपत्ति पर विवाद है, तो कानूनी प्रक्रिया के अनुसार समाधान किया जाएगा। इसके अलावा, निगम ने यह भी स्पष्ट किया कि समय पर टैक्स जमा करने वाले नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।
अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि 31 अक्टूबर तक हर वार्ड में 100% डिमांड बिल वितरण के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए निगम ने इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों, मोबाइल एप और स्थानीय कार्यालयों के माध्यम से हर संपत्ति मालिक तक बिल पहुँचाने की रणनीति बनाई है।
इस अभियान का उद्देश्य केवल बकाया वसूली नहीं है, बल्कि नागरिकों को यह संदेश देना है कि शहर के विकास और सुविधाओं में योगदान करने के लिए प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान अनिवार्य और महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही नगर निगम यह भी सुनिश्चित करेगा कि डिमांड बिल सही और पारदर्शी तरीके से वितरण किए जाएं।
नगर निगम के अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि इस अभियान में किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी। बड़े बकायादारों की संपत्तियों की कुर्की के साथ-साथ, भविष्य में भी समय पर टैक्स जमा करने के लिए सख्ती बरती जाएगी। इससे नागरिकों में जागरूकता बढ़ेगी और शहर की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी।
नगर निगम की इस योजना से शहर के बुनियादी ढांचे में सुधार होगा और नागरिकों को बेहतर सेवाएं प्राप्त होंगी। निगम ने यह भी कहा कि अभियान के दौरान किसी भी संपत्ति मालिक को गलत तरीके से परेशान नहीं किया जाएगा और सभी कार्रवाई कानून और नियमों के अनुरूप होगी।
नागरिकों और संपत्ति मालिकों से अपील की गई है कि वे समय रहते अपने बकाया राशि का भुगतान करें और नगर निगम के साथ सहयोग करें। इससे शहर का विकास और नागरिकों की भलाई सुनिश्चित होगी।
नगर निगम का यह कदम शहर में वित्तीय अनुशासन और जिम्मेदारी को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि इस अभियान से शहर की प्रॉपर्टी टैक्स वसूली में सुधार होगा और बकायादारों पर कार्रवाई का एक स्पष्ट संदेश जाएगा।





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