कुम्हारी टोल प्लाजा जून 2026 से स्थायी रूप से बंद होगा। सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने पीएम मोदी और सड़क परिवहन मंत्री का आभार जताया।
रायपुर | छत्तीसगढ़वासियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर आई है। रायपुर से भिलाई की ओर यात्रा करने वाले लाखों लोगों को अब टोल टैक्स से जल्द ही छुटकारा मिलने जा रहा है। कुम्हारी टोल प्लाजा, जो वर्षो से टोल वसूली का केंद्र बना हुआ था, जून 2026 से पूरी तरह से बंद कर दिया जाएगा।
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इस ऐतिहासिक फैसले की जानकारी रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने मीडिया को दी। उन्होंने बताया कि यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के विशेष सहयोग से संभव हुआ है। उन्होंने दोनों का हृदय से आभार प्रकट किया।
🚧 क्या है कुम्हारी टोल प्लाजा?
कुम्हारी टोल प्लाजा छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर और औद्योगिक शहर भिलाई के बीच स्थित है। हर दिन हजारों वाहन इस मार्ग से गुजरते हैं, जिनसे बड़ी मात्रा में टोल टैक्स वसूला जाता है।
टोल प्लाजा की वसूली को लेकर वर्षों से स्थानीय नागरिक, सामाजिक संगठन और जनप्रतिनिधि सवाल उठाते रहे हैं। लोगों का कहना था कि सड़कों की स्थिति अच्छी नहीं है, फिर भी टोल लिया जा रहा है।
📅 कब और क्यों हो रहा है बंद?
सांसद बृजमोहन अग्रवाल के अनुसार, टोल प्लाजा की 15 साल की वसूली अवधि जून 2026 में पूरी हो जाएगी। इसके बाद यह टोल स्थायी रूप से बंद कर दिया जाएगा और मार्ग से गुजरने वाले लोगों को कोई टैक्स नहीं देना होगा।
उन्होंने बताया कि उन्होंने लगातार इस विषय को संसद और मंत्रालय में उठाया, जिसके परिणामस्वरूप यह सकारात्मक फैसला लिया गया।
🗣️ बृजमोहन अग्रवाल का बयान:
“यह फैसला आम जनता की जीत है। हमने लंबे समय से टोल बंद करने की मांग उठाई थी। प्रधानमंत्री मोदी और मंत्री गडकरी ने जनभावनाओं का सम्मान किया।”
🛣️ सड़क विकास और राहत:
कुम्हारी टोल प्लाजा का बंद होना सिर्फ आर्थिक राहत नहीं देगा, बल्कि ट्रैफिक जाम और अनावश्यक देरी की समस्याओं से भी निजात मिलेगी। खासकर ऑफिस जाने वाले कर्मचारी, छात्रों और व्यापारियों के लिए यह खबर बड़ी राहत की तरह है।
इसके साथ ही यह मार्ग भविष्य में स्मार्ट सड़कों की श्रेणी में भी शामिल किया जा सकता है, जिससे लोगों को और बेहतर सुविधा मिलेगी।
📊 टोल वसूली से अब तक की कमाई:
सूत्रों के अनुसार, कुम्हारी टोल प्लाजा के जरिए अब तक सैकड़ों करोड़ रुपए की वसूली हो चुकी है। 15 साल की अवधि में सड़क निर्माण लागत पूरी हो चुकी है, जिसके बाद इसे बंद करना तय किया गया।
🧾 भविष्य की योजना:
इस टोल के बंद होने के बाद केंद्र सरकार की योजना है कि इस मार्ग को मॉडर्न और टोल-फ्री हाईवे के रूप में विकसित किया जाए। इससे व्यापार, ट्रांसपोर्ट और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
📣 जनता की प्रतिक्रिया:
स्थानीय नागरिकों और वाहन चालकों ने इस निर्णय का स्वागत किया है। सोशल मीडिया पर लोगों ने बृजमोहन अग्रवाल और केंद्र सरकार का धन्यवाद किया है।
“अब रोज़ाना 40 से 80 रुपए की बचत होगी, ये बहुत बड़ी राहत है।” — रमेश साहू, दैनिक यात्री
🧠 विश्लेषण:
टोल प्लाजा को लेकर जनता और सरकार के बीच लंबे समय से टकराव रहा है। लेकिन अब जब सरकार ने तर्कों और समय सीमा को मानते हुए प्लाजा बंद करने का फैसला लिया है, तो यह न सिर्फ जनता का विश्वास जीतने वाला कदम है, बल्कि एक राजनीतिक रूप से सकारात्मक संदेश भी देता है।
🙏 निष्कर्ष:
कुम्हारी टोल प्लाजा का जून 2026 में बंद होना छत्तीसगढ़वासियों के लिए एक ऐतिहासिक निर्णय है। इससे आर्थिक, सामाजिक और व्यावसायिक सभी क्षेत्रों में राहत महसूस की जाएगी।
