कृषि विभाग ने VNR एग्रीमेट्रिक्स पर कार्रवाई कर 41.17 मीट्रिक टन उर्वरक जब्त किए। कंपनी को नोटिस जारी, किसानों की सुरक्षा और गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर।
रायपुर। कृषि विभाग की कार्रवाई में VNR एग्रीमेट्रिक्स कंपनी पर बड़ा शिकंजा कसा गया है। विभागीय जांच के बाद 41.17 मीट्रिक टन उर्वरक जब्त किए गए और कंपनी को नोटिस जारी किया गया। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई किसानों के हितों की सुरक्षा और उर्वरक गुणवत्ता की गारंटी के लिए की गई है।
कार्रवाई की पृष्ठभूमि
हाल ही में विभाग को शिकायतें मिली थीं कि कंपनी द्वारा वितरित किए जा रहे उर्वरकों की गुणवत्ता मानकों पर खरी नहीं उतर रही है। इसके बाद कृषि विभाग की टीम ने छापा मारा और मौके पर बड़ी मात्रा में संदिग्ध उर्वरक जब्त किए।
41.17 मीट्रिक टन उर्वरक जब्त
जांच में सामने आया कि स्टॉक में रखे गए 41.17 मीट्रिक टन उर्वरक मानक अनुरूप नहीं पाए गए। अधिकारियों ने नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए हैं।
कंपनी को नोटिस जारी
विभाग ने VNR एग्रीमेट्रिक्स को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है। कंपनी को तय समय सीमा में जवाब देना होगा, अन्यथा आगे कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
किसानों के हित पर जोर
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि किसानों को किसी भी प्रकार का नुकसान न हो, इसके लिए सरकार सख्त है। नकली या घटिया उर्वरक से फसलों को नुकसान होता है और किसान आर्थिक रूप से प्रभावित होते हैं।
आगे की कार्रवाई
कृषि विभाग ने कहा कि प्रदेशभर में उर्वरक विक्रेताओं और कंपनियों पर निगरानी रखी जाएगी। जिन कंपनियों में गड़बड़ी पाई जाएगी, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिम्मेदार अधिकारियों का बयान
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा – “किसानों की मेहनत और उपज पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। नकली उर्वरक पर रोक लगाने के लिए यह कदम जरूरी था।”
निष्कर्ष
VNR एग्रीमेट्रिक्स पर की गई कार्रवाई एक मिसाल है कि किसानों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण कृषि सामग्री मिले। सरकार का यह सख्त कदम आने वाले समय में उर्वरक बाजार को और पारदर्शी बनाएगा।
