महापौर मीनल वोरा ने अवैध चौपाटी पर छापेमारी की। वेंडर से एनओसी पूछकर कड़ा संदेश दिया—बिना अनुमति व्यवसाय अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
रायपुर। नगर निगम की कार्यवाही के दौरान महापौर मीनल वोरा ने रविवार को एक अवैध चौपाटी का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने चौपाटी संचालित कर रहे वेंडर को फटकार लगाई और सख्त लहजे में सवाल किया – “दुकान चलाने के लिए तूने किससे एनओसी ली?” महापौर के इस तेवर से मौके पर मौजूद वेंडरों और अन्य लोगों में हड़कंप मच गया।
महापौर ने कहा कि शहर में बिना अनुमति के किसी भी प्रकार का व्यवसाय करना अवैध है। नगर निगम लगातार ऐसे मामलों में कार्रवाई कर रहा है ताकि शहर की व्यवस्था और स्वच्छता बनी रहे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे सभी अवैध ठेलों, चौपाटियों और दुकानों की पहचान कर कठोर कार्रवाई की जाए।
महापौर का स्पष्ट संदेश
महापौर मीनल ने साफ किया कि नगर निगम का उद्देश्य किसी के रोजगार पर प्रहार करना नहीं है, लेकिन अवैध रूप से जगह कब्जा कर दुकानें चलाना स्वीकार्य नहीं होगा। उन्होंने कहा कि यदि किसी वेंडर को चौपाटी या दुकान चलानी है, तो उसे नियमानुसार आवेदन कर एनओसी और पंजीकरण लेना होगा।
चौपाटियों का बढ़ता दायरा
रायपुर सहित कई शहरों में चौपाटियों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। कई जगहों पर बिना अनुमति के चौपाटी खोलकर वेंडर व्यवसाय कर रहे हैं। इससे न केवल ट्रैफिक व्यवस्था बिगड़ रही है, बल्कि स्वच्छता और सुरक्षा को भी खतरा पहुंच रहा है। नगर निगम ने हाल ही में ऐसे कई ठिकानों पर कार्रवाई की थी, लेकिन अब भी कई स्थानों पर अवैध चौपाटियां सक्रिय हैं।
जनता की प्रतिक्रिया
महापौर की सख्ती पर नागरिकों ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। स्थानीय लोगों का कहना है कि अवैध चौपाटियों पर कार्रवाई जरूरी है क्योंकि कई बार ये सड़क किनारे और सार्वजनिक स्थलों पर कब्जा कर लेते हैं। वहीं कुछ लोग मानते हैं कि नगर निगम को वेंडरों को वैकल्पिक जगह उपलब्ध कराना चाहिए ताकि उनका रोजगार प्रभावित न हो।
निगम का अगला कदम
महापौर ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वेंडरों को नियमानुसार जगह आवंटित करने की योजना तैयार की जाए। नगर निगम इस दिशा में वेंडर पॉलिसी लागू करने पर काम कर रहा है, जिसके तहत उचित शुल्क लेकर पंजीकरण किया जाएगा और दुकानों को तय स्थान दिया जाएगा। इससे अव्यवस्था और अवैध कब्जे की समस्या पर काफी हद तक रोक लगेगी।
जिम्मेदार प्रशासन की पहल
महापौर ने अपने दौरे के दौरान स्पष्ट किया कि शहर की सुंदरता और नागरिकों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि यदि वेंडर नियमों का पालन करेंगे तो नगर निगम भी उनके साथ खड़ा रहेगा। लेकिन जो अवैध तरीके से व्यवसाय करेंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
महापौर मीनल वोरा की सख्ती ने यह संदेश दिया है कि रायपुर में अब अवैध चौपाटियों और बिना अनुमति के दुकानों के लिए कोई जगह नहीं बचेगी। यह कदम न केवल नगर व्यवस्था को दुरुस्त करेगा, बल्कि शहर की स्वच्छता और यातायात प्रबंधन में भी सुधार लाएगा।
