केंद्र सरकार ने 33 जीवनरक्षक दवाओं से जीएसटी खत्म किया। इस फैसले से कैंसर और रेयर डिज़ीज़ मरीजों को इलाज की लागत में बड़ी राहत
स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने 33 जीवनरक्षक और ज़रूरी दवाओं को गुड्स एंड सर्विसेज़ टैक्स (GST) से पूरी तरह मुक्त कर दिया है। इस फैसले से गंभीर बीमारियों के इलाज की लागत में भारी कमी आएगी और लाखों मरीजों को राहत मिलेगी।
किन दवाओं पर मिला लाभ?
सरकार ने उन दवाओं को जीएसटी से बाहर किया है जिनका इस्तेमाल कैंसर, जेनेटिक डिसऑर्डर, रेयर डिज़ीज़ और हार्ट संबंधी गंभीर बीमारियों के इलाज में किया जाता है। इनमें शामिल हैं:
ओनासेम्नोजीन अबेपार्वोवेक, अस्सिमिनिब, मेपोलिज़ुमाब, पेगाइलेटेड लिपोसोमल इरिनोटेकन, दारातुमुमाब, टेक्लिस्टमाब, अमिवान्तमाब, एलेक्टिनिब, रिस्डिप्लाम, ओबिनुटुज़ुमाब, पोलाटुज़ुमाब वेडोटिन, एन्ट्रेक्टिनिब, अटेज़ोलिज़ुमाब, स्पेसोलिमाब, वेलाग्लुसेरेस अल्फा, अगाल्सिडेस अल्फा, रुरियोक्टोकॉग अल्फा पेगोल, इडुरसुल्फेटेस, अल्ग्लुकोसिडेस अल्फा, लारोनिडेस, ओलिपुडेस अल्फा, टेपोटिनिब, एवेलुमाब, एमिसिज़ुमाब, बेलुमोसुडिल, मिग्लुस्तात, वेलमानेस अल्फा, अलिरोकुमाब, एवोलोकुमाब, सिस्टामीन बिटारट्रेट, सी1-इनहिबिटर (इंजेक्शन), इन्क्लिसिरन।
क्यों लिया गया यह फैसला?
केंद्र सरकार के अनुसार, यह कदम मरीजों को महंगी दवाओं के बोझ से राहत देने और हेल्थकेयर सेक्टर को और सुलभ बनाने के लिए उठाया गया है।
मरीजों को सीधा फायदा
इन दवाओं पर पहले 5% से 12% तक जीएसटी लगता था। जीएसटी हटने से इनकी कीमतें अब हजारों रुपये तक कम हो जाएंगी।
विशेषज्ञों की राय
हेल्थकेयर विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से भारत में रेयर डिज़ीज़ और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को नई उम्मीद मिलेगी।
फार्मा सेक्टर पर असर
फार्मा कंपनियों ने इस कदम का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे नई दवाओं तक पहुंच आसान होगी और भारत चिकित्सा के क्षेत्र में और मजबूत बनेगा।
सरकार की मंशा
वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि यह छूट सीधे आम जनता को लाभ पहुंचाने के लिए है। सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी मरीज इलाज से वंचित न रहे।
अंतरराष्ट्रीय प्रभाव
भारत का यह कदम वैश्विक स्तर पर भी सराहा जा रहा है, क्योंकि यहां दवाओं की लागत कई देशों की तुलना में पहले से ही कम है।
अगला कदम क्या?
हेल्थ मंत्रालय और जीएसटी परिषद आने वाले समय में अन्य जीवनरक्षक दवाओं को भी टैक्स छूट की सूची में शामिल करने पर विचार कर सकते ह
केंद्र सरकार ने 33 जीवनरक्षक दवाओं से जीएसटी खत्म किया। इस फैसले से कैंसर और रेयर डिज़ीज़ मरीजों को इलाज की लागत में बड़ी राहत मिलेगी।
