इस हफ्ते सोने में 4 अंकों की छलांग और चांदी ऑल-टाइम हाई पर, वैश्विक अस्थिरता और डॉलर कमजोरी से लगातार बढ़ रही हैं कीमतें।
नई दिल्ली। इस हफ्ते सोना और चांदी की कीमतों ने निवेशकों को चौंका दिया है। सोना जहां 4 अंकों की बड़ी छलांग लगाकर रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है, वहीं चांदी भी अपने ऑल-टाइम हाई पर कारोबार कर रही है। लगातार बढ़ती कीमतों ने एक ओर निवेशकों को मुनाफे का मौका दिया है, तो दूसरी ओर आम उपभोक्ताओं की जेब पर बोझ बढ़ा दिया है।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार, इस हफ्ते सोने की कीमतों में 1,200 रुपये प्रति 10 ग्राम तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। घरेलू बाजार में 24 कैरेट सोना अब 65,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के करीब पहुंच गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि वैश्विक आर्थिक अस्थिरता और डॉलर के कमजोर होने से निवेशक सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने की ओर रुख कर रहे हैं।
चांदी भी ऑल-टाइम हाई पर
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी जबरदस्त तेजी देखी गई है। चांदी का भाव पहली बार 77,000 रुपये प्रति किलो के पार चला गया है। उद्योग जगत का मानना है कि औद्योगिक मांग बढ़ने और निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी के चलते चांदी की कीमतें नए रिकॉर्ड बना रही हैं।
क्यों बढ़ रही हैं सोना-चांदी की कीमतें?
- वैश्विक अस्थिरता: अमेरिका और चीन जैसे बड़े देशों के बीच आर्थिक तनाव ने निवेशकों को सोना-चांदी जैसे सुरक्षित निवेश की ओर धकेला है।
- डॉलर में कमजोरी: डॉलर इंडेक्स में गिरावट से विदेशी निवेशकों की मांग बढ़ी है।
- क्रूड ऑयल की कीमतें: कच्चे तेल में तेजी से मुद्रास्फीति का दबाव बढ़ा, जिससे सोना-चांदी महंगे हुए।
- केंद्रीय बैंकों की खरीदारी: कई देशों के केंद्रीय बैंक सोने का भंडार बढ़ा रहे हैं।
- औद्योगिक मांग: खासकर इलेक्ट्रॉनिक्स और सोलर इंडस्ट्री में चांदी की मांग बढ़ी है।
निवेशकों के लिए बड़ा मौका
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि यह दौर निवेशकों के लिए बड़ा अवसर लेकर आया है। सोना और चांदी दोनों ही सुरक्षित निवेश माने जाते हैं और लंबे समय तक अच्छे रिटर्न देते हैं। हालांकि, यह भी चेतावनी दी गई है कि अत्यधिक तेजी के बाद मुनाफावसूली की संभावना बनी रहती है।
आम उपभोक्ता पर असर
सोने-चांदी की बढ़ती कीमतों का असर सीधे तौर पर आम उपभोक्ताओं पर पड़ रहा है। शादी-विवाह के सीजन में ज्वेलरी महंगी हो गई है। ज्वेलर्स का कहना है कि लगातार बढ़ोतरी से ग्राहकों की खरीदारी प्रभावित हो रही है, लेकिन निवेशक और व्यापारी अभी भी भारी मात्रा में सोना-चांदी खरीद रहे हैं।
आने वाले दिनों का अनुमान
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में आर्थिक अस्थिरता और डॉलर की कमजोरी जारी रही, तो सोने का भाव 67,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक और चांदी का भाव 80,000 रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकता है।
