सरगुजा में भारी बारिश के बाद गेरसा बांध टूट गया, 30 एकड़ फसल डूबी, प्रशासन राहत और बचाव कार्य में जुटा।
सरगुजा। छत्तीसगढ़ में लगातार बारिश के कारण नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ता जा रहा है। ऐसे में आज लुंड्रा विकासखंड के ग्राम पंचायत गेरसा में गेरसा बांध टूट गया, जिससे इलाके में अफरातफरी का माहौल बन गया। यह घटना सुबह तेज बहाव और अधिक जलस्तर के कारण हुई।
स्थानीय लोगों के अनुसार, बांध के टूटने से आसपास के खेत और फसलें पानी में डूब गई हैं। अनुमानित रूप से लगभग 30 एकड़ फसल पानी में डूबकर खराब होने की संभावना है। किसानों और ग्रामीणों में इस घटना को लेकर चिंता का माहौल है, क्योंकि यह उनके जीविका और फसल उत्पादन पर बड़ा प्रभाव डाल सकता है।
सूचना मिलने के तुरंत बाद सरगुजा कलेक्टर मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थानीय अधिकारियों से स्थिति का बारीकी से निरीक्षण किया। कलेक्टर ने प्रशासनिक टीम को निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में तुरंत राहत कार्य और बचाव अभियान शुरू किया जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने की प्राथमिकता दी जाए।
स्थानीय प्रशासन ने भी पंचायत और गांव के वरिष्ठ नागरिकों के साथ बैठक कर आपातकालीन योजना बनाई। फसल नुकसान की पुष्टि के लिए कृषि विभाग को भी मौके पर भेजा गया है। साथ ही, जलस्तर बढ़ने के कारण आसपास के अन्य बांधों और नालों की निगरानी बढ़ा दी गई है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि गेरसा बांध कई वर्षों से उपयोग में था और इसे समय-समय पर मरम्मत की जरूरत थी। भारी बारिश और जलस्तर बढ़ने से यह बांध कमजोर हो गया और टूट गया। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे बांध के टूटे हिस्से के पास न जाएं और सुरक्षित दूरी बनाकर रहें।
इस घटना के बाद प्रशासन ने राहत शिविर स्थापित किए हैं, जहां प्रभावित परिवारों को अस्थायी आश्रय, भोजन और पानी की सुविधा दी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग को भी तैनात किया गया है ताकि पानी में डूबने या अन्य संभावित बीमारियों से बचाव किया जा सके।
वहीं, ग्रामीणों ने कहा कि यह घटना एक चेतावनी है कि राज्य में मौसमी बारिश के दौरान जल प्रबंधन और बांधों की देखरेख पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने प्रशासन से अनुरोध किया है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए नालों और बांधों की मरम्मत और मजबूती पर विशेष ध्यान दिया जाए।
सरगुजा जिले में पिछले कुछ दिनों से लगातार बारिश हो रही है, जिससे नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों को चेतावनी जारी की है कि वे नदियों और नालों के किनारे जाने से बचें।
कलेक्टर ने कहा कि प्रभावित किसानों को फसल नुकसान के लिए जल्द से जल्द मुआवजा प्रदान किया जाएगा। उन्होंने जिला प्रशासन और पंचायत स्तर पर अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी प्रभावित लोगों को हर संभव मदद मुहैया कराई जाए।
मौसम विभाग ने भी चेतावनी जारी की है कि अगले 24 घंटों में जिले में और भी बारिश हो सकती है। इसलिए प्रशासन ने ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और जलस्तर बढ़ने की स्थिति में तुरंत अधिकारियों से संपर्क करने के निर्देश दिए हैं।
इस प्रकार गेरसा बांध के टूटने की घटना ने राज्य में बारिश के दौरान जल प्रबंधन और आपदा तैयारी की आवश्यकता को फिर से उजागर किया है। प्रशासन, पुलिस और राहत टीमों की तत्परता से प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य तेजी से जारी है।


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