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बृजमोहन नहीं, गजेंद्र हैं पदेन अध्यक्ष… नियम बदलने से

छत्तीसगढ़ ✍ Raja Shakti Raj Singh 🕐 10 January 2026

रायपुर में नियम बदलने से पदेन अध्यक्ष को लेकर विवाद, अब गजेंद्र सिंह अध्यक्ष और मंत्री संरक्षक, बृजमोहन की भूमिका बदली, सियासी चर्चाएं तेज।

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक बार फिर पद और अधिकार को लेकर नया विवाद सामने आया है। मामला एक संगठन/संस्था के पदेन अध्यक्ष पद से जुड़ा है, जहां नियमों में बदलाव के बाद पूर्व व्यवस्था उलट गई है। ताजा स्थिति यह है कि अब बृजमोहन अग्रवाल नहीं, बल्कि गजेंद्र सिंह पदेन अध्यक्ष माने जाएंगे, जबकि मंत्री को संरक्षक की भूमिका में रखा गया है। इस बदलाव के पीछे अनिल द्वारा किए गए नियम संशोधन को अहम माना जा रहा है।

क्या है पूरा मामला

अब तक चली आ रही परंपरा के अनुसार मंत्री पद पर रहते हुए बृजमोहन अग्रवाल को संबंधित संस्था का अध्यक्ष माना जा रहा था। लेकिन हाल ही में नियमों में संशोधन किया गया, जिसके तहत पदेन अध्यक्ष का दायित्व मंत्री के बजाय एक अन्य पदाधिकारी को सौंप दिया गया। संशोधित नियमों के अनुसार गजेंद्र सिंह को पदेन अध्यक्ष और मंत्री को संरक्षक घोषित किया गया है।

नियम बदले, भूमिका बदली

सूत्रों के मुताबिक अनिल द्वारा प्रस्तावित संशोधन को बैठक में मंजूरी दी गई। नए नियमों में यह स्पष्ट किया गया कि संगठनात्मक कामकाज में सक्रिय भूमिका पदेन अध्यक्ष की होगी, जबकि मंत्री संरक्षक के रूप में मार्गदर्शन देंगे। इस बदलाव से सत्ता और संगठन के बीच संतुलन साधने की कोशिश मानी जा रही है।

राजनीतिक मायने

इस फैसले को केवल प्रशासनिक बदलाव नहीं, बल्कि राजनीतिक संकेत के तौर पर भी देखा जा रहा है। जानकारों का मानना है कि इससे संगठन में शक्ति संतुलन बदलेगा और भविष्य की रणनीति पर भी असर पड़ेगा। वहीं, कुछ नेताओं का कहना है कि नियमों में पारदर्शिता लाने के लिए यह कदम जरूरी था।

बयान और प्रतिक्रियाएं

हालांकि इस मामले पर बृजमोहन अग्रवाल या गजेंद्र सिंह की ओर से कोई औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन अंदरखाने चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। विपक्ष इसे सत्ता के अंदरूनी टकराव से जोड़कर देख रहा है।

आगे क्या?

नियम संशोधन के बाद अब यह देखना अहम होगा कि नई व्यवस्था जमीन पर कैसे लागू होती है और संगठन के फैसलों में किसकी भूमिका प्रभावी रहती है। आने वाले दिनों में इस बदलाव के राजनीतिक असर और भी साफ नजर आ सकते हैं।

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