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शीतकालीन सत्र में चौपाटी शिफ्टिंग पर घमासान

छत्तीसगढ़ ✍ Raja Shakti Raj Singh 🕐 20 December 2025

रायपुर विधानसभा सत्र में चौपाटी शिफ्टिंग पर विवाद, सरकार ने कहा स्मार्ट सिटी समझौते के तहत शिफ्टिंग हुई, नियमों का पालन हुआ, इसलिए कोई वसूली नहीं की गई।

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र में राजधानी रायपुर की चर्चित चौपाटी शिफ्टिंग का मामला जोर-शोर से उठा। विपक्ष ने चौपाटी को स्थानांतरित करने और इससे जुड़ी वसूली को लेकर सरकार को घेरा, जिस पर सरकार ने सदन में स्पष्ट जवाब देते हुए कहा कि चौपाटी पूरी तरह नियमों के तहत बनाई गई थी और उसका शिफ्टिंग स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत हुए समझौते के कारण की गई है। इसी वजह से दुकानदारों से किसी प्रकार की अतिरिक्त वसूली नहीं की गई।

सदन में प्रश्नकाल के दौरान विपक्षी विधायकों ने सवाल उठाया कि चौपाटी शिफ्टिंग के नाम पर नियमों की अनदेखी की गई और दुकानदारों को अनावश्यक परेशान किया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि शिफ्टिंग के दौरान प्रशासन ने पारदर्शिता नहीं बरती और इससे छोटे व्यवसायियों को नुकसान उठाना पड़ा।

सरकार की ओर से जवाब देते हुए नगरीय प्रशासन मंत्री ने कहा कि चौपाटी का निर्माण नगर निगम के नियमों और तय मानकों के अनुसार किया गया था। बाद में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के विस्तार और शहरी विकास की जरूरतों को देखते हुए चौपाटी को दूसरे स्थान पर शिफ्ट करने का निर्णय लिया गया। यह निर्णय पूरी तरह स्मार्ट सिटी प्रबंधन और नगर निगम के बीच हुए समझौते के तहत लिया गया था।

मंत्री ने सदन को यह भी बताया कि चौपाटी में कार्यरत दुकानदारों से किसी प्रकार की अतिरिक्त फीस या वसूली नहीं की गई है। शिफ्टिंग के दौरान दुकानदारों के हितों का पूरा ध्यान रखा गया और उन्हें वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराया गया, ताकि उनकी आजीविका प्रभावित न हो।

विपक्ष ने सरकार के जवाब से असंतोष जताते हुए कहा कि जमीनी स्तर पर हालात अलग हैं और कई दुकानदार अब भी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। विपक्षी सदस्यों ने मांग की कि चौपाटी शिफ्टिंग की प्रक्रिया की समीक्षा की जाए और यदि कहीं गड़बड़ी हुई है तो उसकी जांच कराई जाए।

सरकार ने भरोसा दिलाया कि यदि किसी दुकानदार को वास्तविक परेशानी हुई है तो उसका समाधान किया जाएगा। साथ ही यह भी कहा गया कि शहर के सौंदर्यीकरण और सुव्यवस्थित विकास के लिए ऐसे फैसले जरूरी होते हैं।

इस मुद्दे पर हुई तीखी बहस के बाद सदन की कार्यवाही आगे बढ़ी, लेकिन चौपाटी शिफ्टिंग का मामला शीतकालीन सत्र के प्रमुख मुद्दों में शामिल रहा।

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