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धान खरीदी में भाजपा सरकार की नाकामी

छत्तीसगढ़ ✍ Raja Shakti Raj Singh 🕐 11 February 2026

धान खरीदी में देरी और भुगतान संकट के विरोध में आम आदमी पार्टी ने रायपुर में मुख्यमंत्री निवास का घेराव कर खरीदी तारीख बढ़ाने और एकमुश्त भुगतान की मांग की।

रायपुर। छत्तीसगढ़ में धान खरीदी व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकार के खिलाफ आम आदमी पार्टी (आप) ने मंगलवार को राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास का घेराव किया। पार्टी का आरोप है कि प्रदेश में लगभग तीन लाख किसान अब तक अपना धान नहीं बेच पाए हैं, जिससे वे गंभीर आर्थिक संकट में फंस गए हैं। आम आदमी पार्टी ने धान खरीदी की अंतिम तिथि 28 फरवरी तक बढ़ाने और किसानों को धान की राशि एकमुश्त भुगतान किए जाने की मांग की।

घेराव का नेतृत्व आम आदमी पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष देवलाल नरेटी ने किया। उन्होंने कहा कि धान की बुवाई से लेकर कटाई तक किसानों को लगातार परेशान किया गया। कभी बीज और खाद की कमी रही, तो कभी टोकन व्यवस्था के नाम पर किसानों को भटकाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की लापरवाही के कारण हजारों किसान धान बेचने से वंचित रह गए हैं और खेती के लिए लिया गया कर्ज चुकाने की स्थिति में नहीं हैं।

देवलाल नरेटी ने कहा कि धान खरीदी में सरकार पूरी तरह विफल रही है। यह केवल प्रशासनिक चूक नहीं बल्कि किसानों के खिलाफ सुनियोजित साजिश है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने तुरंत धान खरीदी की तारीख नहीं बढ़ाई तो आम आदमी पार्टी किसानों के साथ मिलकर आंदोलन को और तेज करेगी।

कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष अभिषेक मिश्रा ने कहा कि जिन किसानों ने धान बेच भी दिया है, उन्हें समय पर पूरा भुगतान नहीं मिल पा रहा है। किसान सुबह चार बजे से सहकारी बैंकों के बाहर लाइन में लगते हैं, लेकिन उन्हें एक बार में केवल 25 हजार रुपये दिए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने छोटे किसानों से जबरन रकबा समर्पण करवाया, खरीदी केंद्रों की प्रतिदिन की सीमा घटाई और टोकन व्यवस्था को जानबूझकर अव्यवस्थित किया, ताकि बड़ी संख्या में किसान धान न बेच सकें।

प्रदेश महासचिव वदूद आलम ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार और छत्तीसगढ़ की साय सरकार किसानों को लगातार नजरअंदाज कर रही हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौतों का सीधा असर किसानों पर पड़ रहा है और इससे आने वाले समय में भारतीय कृषि व्यवस्था को भारी नुकसान हो सकता है।

आम आदमी पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सूरज उपाध्याय ने कहा कि सरकार द्वारा 6 फरवरी को धान खरीदी बंद कर दिया जाना किसानों के साथ सीधा अन्याय है। उन्होंने मांग की कि धान खरीदी की अवधि 28 फरवरी तक बढ़ाई जाए या जब तक प्रदेश के किसानों का एक-एक दाना धान नहीं खरीदा जाता, तब तक खरीदी जारी रखी जाए। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन किसानों के हक की लड़ाई है और पार्टी इसे प्रदेशव्यापी स्तर पर आगे भी जारी रखेगी।

मुख्यमंत्री निवास घेराव में बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान किसानों की समस्याओं, भुगतान में देरी, खरीदी केंद्रों की कमी और प्रशासनिक अव्यवस्था को लेकर जोरदार नारेबाजी की गई। पार्टी नेताओं ने कहा कि जब तक सरकार किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं करती, तब तक आम आदमी पार्टी का संघर्ष जारी रहेगा।

आम आदमी पार्टी नेताओं ने सरकार से स्पष्ट मांग की कि धान खरीदी की समय-सीमा बढ़ाकर किसानों को राहत दी जाए, भुगतान प्रक्रिया को सरल बनाया जाए और सहकारी बैंकों के माध्यम से एकमुश्त राशि उपलब्ध कराई जाए, ताकि किसान कर्ज और आर्थिक दबाव से उबर सकें।

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