रायपुर में ट्रैफिक जाम से राहत के लिए 18 चौराहों को लेफ्ट-फ्री जंक्शन बनाया जाएगा, जयस्तंभ चौक का सर्कल बढ़ेगा और डिवाइडर छोटे होंगे।
रायपुर। राजधानी रायपुर में बढ़ते ट्रैफिक दबाव और रोजाना लगने वाले जाम से राहत दिलाने के लिए प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। शहर के 18 सबसे अधिक जामग्रस्त चौराहों को लेफ्ट-फ्री रोड जंक्शन के रूप में विकसित किया जाएगा। इस योजना के तहत जयस्तंभ चौक सहित कई प्रमुख चौराहों की ज्योमेट्री बदली जाएगी, जिससे ट्रैफिक का प्रवाह सुचारू हो सके।
नगर निगम और ट्रैफिक पुलिस द्वारा संयुक्त सर्वे के बाद यह योजना तैयार की गई है। अधिकारियों के अनुसार, जयस्तंभ चौक का सर्कल बढ़ाया जाएगा, ताकि वाहनों को घूमने के लिए अधिक स्पेस मिल सके। इसके साथ ही मौजूदा डिवाइडर को छोटा किया जाएगा और जरूरत के अनुसार नए ट्रैफिक आईलैंड बनाए जाएंगे। इससे बाएं मुड़ने वाले वाहनों को बिना सिग्नल रोके निकलने की सुविधा मिलेगी।
योजना के अनुसार, जिन 18 चौराहों को लेफ्ट-फ्री किया जाएगा, उनमें शहर के व्यस्ततम इलाके शामिल हैं। इन चौराहों पर सुबह और शाम के समय लंबा जाम लगता है, जिससे आम नागरिकों के साथ-साथ एम्बुलेंस, स्कूल बस और ऑफिस जाने वालों को भारी परेशानी होती है। लेफ्ट-फ्री व्यवस्था लागू होने से सिग्नल पर रुकने का समय घटेगा और वाहनों की औसत गति बढ़ेगी।
नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि इस कार्य में सड़क चौड़ीकरण नहीं किया जाएगा, बल्कि मौजूदा संरचना में बदलाव कर ट्रैफिक इंजीनियरिंग के जरिए समाधान निकाला जाएगा। इससे लागत भी कम आएगी और काम अपेक्षाकृत जल्दी पूरा किया जा सकेगा। साथ ही, पैदल यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ज़ेब्रा क्रॉसिंग और संकेतक भी नए सिरे से बनाए जाएंगे।
ट्रैफिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह प्रयोग सफल रहता है, तो भविष्य में शहर के अन्य चौराहों पर भी इसी मॉडल को लागू किया जाएगा। आम लोगों को उम्मीद है कि इस पहल से राजधानी की यातायात व्यवस्था में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।





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