खरोरा | खरोरा के नवनिर्मित थाना परिसर में नर्मदेश्वर महादेव और हनुमान लला की प्राण प्रतिष्ठा विधि-विधान से संपन्न हुई। इस मौके पर कलश यात्रा, भक्ति भजन और सामाजिक एकता की अनुपम छटा देखने को मिली।
खरोरा नगर के नवनिर्मित थाना परिसर में सोमवार को नर्मदेश्वर महादेव एवं हनुमान लला की प्राण प्रतिष्ठा का भव्य आयोजन श्रद्धा और आस्था के साथ संपन्न हुआ। इस धार्मिक अवसर पर नगरवासियों में विशेष उत्साह देखा गया।
प्राण प्रतिष्ठा समारोह की शुरुआत भव्य कलश यात्रा से हुई, जिसमें नगर की शिवभक्त महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। तपती दोपहरी में भी महिलाएं उत्साह से लबरेज दिखीं। यात्रा का नेतृत्व थाना प्रभारी श्री कृष्णकुमार कुशवाहा और उनके परिवार ने मुख्य यजमान के रूप में किया।
कलश यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई मां शीतला मंदिर, मां महामाया मंदिर, सात बहनियां दाई मंदिर और ठाकुरदेव मंदिर पहुंची। वहां वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूजन-अर्चन किया गया। इन मंदिरों से पवित्र जल लेकर कलशों को थाना परिसर लाया गया, जहां विधिवत प्राण प्रतिष्ठा की गई।
इस आयोजन में नगर पंचायत उपाध्यक्ष सुमित सेन, पूर्व अध्यक्ष अनिल सोनी, रामराज परिवार के अध्यक्ष देवेंद्र पंसारी, पार्षद जय प्रकाश वर्मा, तामेश्वर मरकाम, लीला देवांगन, अम्बिका बंछोर, पार्षद प्रतिनिधि गोपी (बाबा) नशीने, पूर्व पार्षद कपिल नशीने, भूपेंद्र सेन, भरत कुंभकार, पूर्व पार्षद विकास ठाकुर, पत्रकार अभिलाष अग्रवाल, निहाल देवांगन, खोमेश्वर यादव, सावन पमवानी, मदन देवांगन और आरक्षक सुरेंद्र चोहान सहित नगर की सैकड़ों महिलाएं व नागरिक उपस्थित रहे।

पूरे नगर में कलश यात्रा के दौरान भक्ति गीतों, डीजे भजनों और हर-हर महादेव के जयघोष से भक्तिमय वातावरण बन गया। श्रद्धालु सिर पर कलश धारण कर नाचते-गाते आगे बढ़ते रहे।
इस आयोजन ने धार्मिक आस्था के साथ-साथ नगर में सामाजिक एकता और सहयोग का भी अद्भुत उदाहरण पेश किया। समाज के हर वर्ग की सहभागिता ने इसे और भी विशेष बना दिया।
आयोजकों के अनुसार, यह प्राण प्रतिष्ठा समारोह 23 अप्रैल तक चलेगा। तब तक प्रतिदिन पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठान होंगे। समापन के दिन 23 अप्रैल को विशाल भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें नगर सहित आसपास के ग्रामों के श्रद्धालुओं को आमंत्रित किया गया है।
थाना परिसर में धार्मिक आयोजन की यह अनोखी पहल न केवल आस्था की मिसाल बनी, बल्कि पुलिस और जनता के बीच संवाद और विश्वास को भी नई दिशा देने वाली सिद्ध हो रही है।
