दुर्ग में सरपंचों की बैठक में नेशनल लोक अदालत की तैयारियों, प्रकरण चिन्हांकन और जनजागरूकता पर जोर, ताकि ग्रामीणों को त्वरित और सुलभ न्याय मिल सके।
दुर्ग। आगामी नेशनल लोक अदालत को सफल बनाने के उद्देश्य से जिले के ग्राम पंचायतों के सरपंचों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक दुर्ग जिले में आयोजित हुई, जिसमें पंचायत प्रतिनिधियों को लोक अदालत की प्रक्रिया, मामलों के चिन्हांकन और जनजागरूकता अभियान को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अधिक से अधिक प्रकरणों का त्वरित और आपसी सहमति से समाधान ही लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य है।
बैठक के दौरान यह भी बताया गया कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा न्याय तक आम नागरिक की आसान पहुंच सुनिश्चित करने के लिए ग्राम स्तर पर सक्रिय भागीदारी को प्राथमिकता दी जा रही है।
🏷️ लोक अदालत के उद्देश्य पर दी गई जानकारी
बैठक में उपस्थित अधिकारियों ने बताया कि नेशनल लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लंबित एवं प्री-लिटिगेशन प्रकरणों का त्वरित निराकरण करना है, जिससे आम नागरिकों को लंबे समय तक न्यायालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ें।
🏷️ ग्राम पंचायतों की भूमिका पर जोर
सरपंचों से कहा गया कि वे अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों में लोक अदालत के प्रति जागरूकता फैलाएं। ग्राम स्तर पर लंबित विवादों, पारिवारिक मामलों, राजस्व प्रकरणों और छोटे दीवानी मामलों की पहचान कर संबंधित विभागों तक जानकारी पहुंचाई जाए।
🏷️ प्रकरणों के चिन्हांकन की प्रक्रिया समझाई
बैठक में अधिकारियों द्वारा प्रकरणों के चयन और चिन्हांकन की प्रक्रिया को सरल शब्दों में समझाया गया। बताया गया कि किन मामलों को लोक अदालत में प्रस्तुत किया जा सकता है और किन मामलों में आपसी सहमति आवश्यक होती है।
🏷️ आम नागरिकों को मिलेगा त्वरित न्याय
अधिकारियों ने बताया कि लोक अदालत के माध्यम से मामलों का समाधान बिना लंबी सुनवाई के संभव होता है। इससे न केवल समय की बचत होती है, बल्कि पक्षकारों पर आर्थिक बोझ भी कम पड़ता है।
🏷️ जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश
सरपंचों को निर्देशित किया गया कि पंचायत भवनों, सार्वजनिक स्थलों और ग्राम सभाओं के माध्यम से लोक अदालत की जानकारी ग्रामीणों तक पहुंचाई जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इस सुविधा का लाभ ले सकें।
🏷️ राजस्व एवं पारिवारिक मामलों पर विशेष फोकस
बैठक में यह भी बताया गया कि भूमि विवाद, नामांतरण, बंटवारा, घरेलू विवाद और अन्य सामाजिक मामलों को प्राथमिकता के साथ लोक अदालत में प्रस्तुत किया जाए, जिससे गांव स्तर पर विवादों का शांतिपूर्ण समाधान हो सके।
🏷️ समन्वय बनाकर कार्य करने की अपील
जिला प्रशासन ने सरपंचों से अपील की कि वे सचिवों, रोजगार सहायकों और वार्ड सदस्यों के साथ समन्वय बनाकर प्रकरणों की सूची तैयार करें और समय पर संबंधित विभागों को भेजें।
🏷️ पंचायत स्तर से न्याय व्यवस्था को सशक्त बनाने का प्रयास
बैठक के अंत में अधिकारियों ने कहा कि पंचायत प्रतिनिधियों की सक्रिय भूमिका से ही नेशनल लोक अदालत को सफल बनाया जा सकता है। यह पहल ग्रामीण स्तर पर न्याय व्यवस्था को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
